पहलगाम हमले पर बघेल का हमला: “28 मौतें… फिर भी चुप क्यों है सरकार?” | दुर्ग में ‘संविधान बचाओ’ की हुंकार
छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव भूपेश बघेल ने आज राजधानी रायपुर में पत्रकार वार्ता कर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले को "देश को झकझोर देने वाली" घटना करार देते हुए कहा कि इस हमले ने एक बार फिर सुरक्षा और इंटेलिजेंस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बघेल ने कहा, “28 मासूम जानें गईं, हंसते-खेलते परिवार उजड़ गए, धर्म पूछ-पूछकर हत्या की गई, और सरकार अब भी चुप क्यों है? इस चूक की जिम्मेदारी कौन लेगा?”
उन्होंने इस हमले की झीरम घाटी की नक्सली घटना से तुलना करते हुए कहा कि दोनों घटनाओं में एक समानता है – सुरक्षा व्यवस्था की नाकामी और चुन-चुनकर हत्या।
“झीरम घाटी में हमारे नेताओं को नाम पूछकर मारा गया, और पहलगाम में धर्म पूछकर लोगों को गोली मारी गई। दोनों घटनाओं में सुरक्षा बल नहीं थे – यह सामान्य चूक नहीं है, यह गंभीर लापरवाही है,” बघेल ने कहा।
स्थानीयों के जज्बे को सलाम
बघेल ने कहा कि पहलगाम की घटना के दौरान स्थानीय लोगों ने जिस तरह मानवता का परिचय दिया, वह काबिल-ए-तारीफ है। “टैक्सी वाले, होटल वाले, टट्टू चलाने वाले – सबने अपनी जान की परवाह किए बिना पर्यटकों की मदद की। दो स्थानीय लोगों की जान भी चली गई। ये घटना देश के हर नागरिक को झकझोरती है।”
बीजेपी पर ‘आपदा में अवसर’ का आरोप
बघेल ने आरोप लगाया कि भाजपा इस दर्दनाक घटना को भी राजनीतिक रंग देने की कोशिश कर रही है। “देश की जनता दुखी है, गुस्से में है, और बीजेपी सोशल मीडिया पर अपना एजेंडा चला रही है। सवाल उठना चाहिए कि इंटेलिजेंस क्या कर रही थी? PM का दौरा क्यों टला? गृहमंत्री की समीक्षा बैठक के बाद भी सुरक्षा इंतजाम क्यों नहीं हुए?”
25 अप्रैल को दुर्ग से उठेगी ‘संविधान बचाओ’ की आवाज
भूपेश बघेल ने पत्रकार वार्ता के अंत में बताया कि कल 25 अप्रैल को दुर्ग में ‘संविधान बचाओ रैली’ का आयोजन किया गया है, जिसमें प्रदेश भर के कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल होंगे।
उन्होंने कहा, “देश में संविधान के मूल्यों पर हमला हो रहा है। विपक्षी नेताओं को टारगेट किया जा रहा है। जैसे ही कांग्रेस का राष्ट्रीय अधिवेशन खत्म होता है, ED की कार्रवाई शुरू हो जाती है। ये लोकतंत्र नहीं, दबाव की राजनीति है।”
ED और केंद्र पर तीखा प्रहार
बघेल ने नेशनल हेराल्ड मामले को लेकर भी केंद्र सरकार और ED पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह मामला पूरी तरह राजनीति से प्रेरित है। “नेशनल हेराल्ड आजादी की लड़ाई की निशानी है। उस अखबार को बचाने के लिए कांग्रेस ने मदद की, तो ये मनी लॉन्ड्रिंग कैसे? सरकार सिर्फ एक मुद्दे से ध्यान हटाने के लिए नया विवाद पैदा करती है।”
भीषण गर्मी के बीच भी जोश में रैली
उन्होंने बताया कि 25 अप्रैल की रैली शाम 6 बजे शुरू होगी ताकि गर्मी से लोगों को राहत मिल सके। “40 दिन के प्रदेशव्यापी कार्यक्रम की शुरुआत दुर्ग से होगी। हम डरने वाले नहीं, लड़ने वाले हैं।”
मुख्य बिंदु:
पहलगाम आतंकी हमले में 28 लोगों की मौत, बघेल ने उठाए सुरक्षा चूक के सवाल
झीरम घाटी और पहलगाम हमले में समानता बताकर बोले– “धर्म और नाम पूछकर की गई हत्याएं”
भाजपा पर ‘आपदा में अवसर’ ढूंढने का आरोप
25 अप्रैल को दुर्ग में ‘संविधान बचाओ रैली’, शाम 6 बजे से
नेशनल हेराल्ड मामले में बोले– “यह राष्ट्रीय धरोहर है, बदले की कार्रवाई बंद हो”
What's Your Reaction?
Like
1
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0